बेमेतरा। जिले के कई गांवों में बीते तीन माह से जले ट्रांसफार्मर अब तक नहीं बदले जाने से आक्रोशित ग्रामीणों ने सोमवार को बेमेतरा विद्युत कार्यालय का घेराव किया। ग्रामीणों ने बताया कि ट्रांसफार्मर जलने के कारण लगातार अंधकार और सिंचाई संकट बना हुआ है।
ग्रामीणों का कहना है कि विभागीय अधिकारियों को बार-बार शिकायत दर्ज कराने के बावजूद समाधान नहीं निकाला गया। इससे किसानों की फसलें सूखने की कगार पर हैं और आमजन को भी भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
घेराव के दौरान ग्रामीणों ने विभाग को तीन दिन का अल्टीमेटम देते हुए चेतावनी दी कि यदि जल्द ही ट्रांसफार्मर नहीं बदले गए तो आंदोलन को और उग्र रूप दिया जाएगा।
बताया गया कि कुसमी, भोईनाभाटा, बहेरा, बाबामोहतरा, तेंदूभाठा, पीपरभठ्ठा, गंगापुर और ढारा सहित कई गांव लंबे समय से विद्युत संकट झेल रहे हैं।
वहीं, विद्युत विभाग ने आश्वासन दिया है कि जल्द ही खराब ट्रांसफार्मरों को बदला जाएगा और आपूर्ति बहाल की जाएगी।
इस दौरान पूर्व विधायक आशीष छाबड़ा ने सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि आज किसान बता रहे हैं कि तीन-तीन महीने होने जा रहे हैं, उनके जले हुए ट्रांसफार्मर बदले नहीं जा रहे हैं। अधिकारी उनसे ट्रांसफार्मर बदलने के नाम पर मोटी रकम की मांग कर रहे हैं और मोटी रकम नहीं दे पाने के कारण इन किसानों के ट्रांसफार्मर नहीं बदले जा रहे हैं।
वहीं भाजपा नेता का फोन आ जाने पर यह अधिकारी तुरंत ट्रांसफार्मर बदलने के लिए सक्रिय हो जाते हैं। पूर्व विधायक आशीष छाबड़ा ने आरोप लगाया कि कार्यपालन अधिकारी विद्युत मंडल कार्यालय बेमेतरा के अधिकारी यह भी नहीं जानते कि किन-किन ग्रामों से ट्रांसफार्मर जलने की शिकायतें प्राप्त हुई हैं और उन शिकायतों का निराकरण किया गया है या नहीं।
दशहरा के दिन किसान व कांग्रेस मिलकर करेंगे चक्काजाम
जिला कांग्रेस कमेटी की ओर से विद्युत मंडल के अधिकारियों को जिन गांवों में ट्रांसफार्मर खराब है अथवा जले हुए हैं, उनकी सूची दी गई है। साथ ही साथ यह भी कहा गया है कि तीन दिन के अंदर अगर समस्याओं का समाधान नहीं होता है तो किसान और कांग्रेस मिलकर चक्काजाम करेंगे।
और दशहरा के दिन विद्युत मंडल कार्यालय के सामने पुतला दहन का कार्यक्रम रखा जाएगा। पूर्व विधायक ने आरोप लगाया है कि अधिकारी सिर्फ सत्ता पक्ष के नेताओं को खुश करने में लगे हुए है ।
